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प्रवेश दिशानिर्देश

 1.      प्रवेश के लिए दिशानिर्देश 2013-14/Admission Guidelines for 2013-14

 केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए दिशा-निर्देश

 भाग-क

सामान्य दिशा-निर्देश

  1. केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए पूर्व में जो दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके हैं उनको निरस्त करते हुए शिक्षा सत्र 2013-14 से प्रभावी निम्नलिखित दिशा-निर्देश विद्यालयों में प्रवेश नियमितीकरण हेतु जारी किए जाते हैं। ये  दिशा-निर्देश विदेश स्थित केंद्रीय विद्यालयों पर लागू नहीं हैं।
  2. परिभाषाएं :-                                                                    जब तक संदर्भ से दूसरी बात अपेक्षित न हो, इन दिशा-निर्देशों में  प्रयुक्त निम्नलिखित शब्दावलियों की परिभाषा इस प्रकार से होंगी:-

(i)      केंद्रीय सरकार के कर्मचारी :-  कर्मचारी, जो भारत की समेकित निधि से अपनी परिलब्धियॉं प्राप्त करता है।

(ii)      स्थानांतरणीय : कर्मचारी, जो पूर्वगामी 7 वर्षों में कम से कम एक बार स्थानांतरित हो चुका है, उसे स्थानांतरणीय माना जाएगा।

(iii)      स्थानांतरण : कर्मचारी को स्थानांतरित तब माना जाएगा यदि सक्षम अधिकारी द्वारा उसे एक स्थान/शहरी संकुल से दूसरे स्थान/शहरी संकुल में स्थानांतरित कर दिया गया है और जो स्थान कम से कम 20  किलोमीटर की दूरी पर स्थित है तथा एक स्थान पर ठहराव की अवधि कम से कम  6   महीने होनी चाहिए।

(iv) स्वायत्त निकाय/सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम: भारत सरकार द्वारा पूर्णरूपेण वित्तपोषित अथवा सरकार  के 51 प्रतिशत से अधिक शेयरधारी स्वायत्त निकाय/सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों को ही इस वर्ग में माना जाएगा।

  1.  प्रवेश में प्राथमिकताएं :          

प्रवेश प्रदान करते समय निम्नलिखित प्राथमिकताओं का अनुपालन किया जाएगा :

  .   सिविल/ रक्षा क्षेत्र के अंतर्गत केंद्रीय विद्यालय :

1.  पूर्व-सैनिकों सहित केंद्रीय सरकार के स्थानांतरणीय व अस्थानांतरणीय कर्मचारियों के बच्चे।     इसमें     विदेशी कर्मचारियों के बच्चे भी सम्मिलित हैं जो भारत सरकार के आमंत्रण पर भारत में प्रतिनियुक्ति/स्थानांतरण पर आते हैं।

2. भारत सरकार के स्वायत निकायों/सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों/उच्च शिक्षण संस्थानों के स्थानांतरणीय व अस्थानांतरणीय कर्मचारियों के बच्चे।

3.  राज्य सरकार के स्थानांतरणीय व अस्थानांतरणीय कर्मचारियों के बच्चे।

4. राज्य सरकार के स्वायत निकायों/सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों/उच्च शिक्षण संस्थानों के   स्थानांतरणीय व अस्थानांतरणीय कर्मचारियों के बच्चे।

5. किसी अन्य श्रेणी के बच्चे जिसमें विदेशियों के बच्चें भी सम्मिलित हैं जो किसी निजी कार्य से भारत में रहते है। विदेशियों के मामले में तभी विचार किया जाएगा जबकि प्रतिक्षारत सूची में कोई     भी भारतीय शेष न हो।

टिप्पणी :  बच्चों को प्रवेश में प्राथमिकता अभिभावकों के पिछले 7 वर्षों में स्थानांतरणों की संख्या के आधार पर दी जाएगी।

 

. सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों/उच्च शिक्षण संस्थानों के अन्तर्गत केंद्रीय विद्यालय :-

  1. (क) विद्यालय को प्रायोजित करने वाले सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों/उच्च शिक्षण संस्थानों के कर्मचारियों के बच्चें एवं उनके पौत्र/पौत्रियां।

(ख) प्रोजेक्ट के कर्मचारी और स्नातकोत्तर विद्यार्थी जो अनुसंधान परियोजना के लिए दीर्घ अवधि तक कार्य करते है।

(ग)  वार्डन परिषद के नियमित कर्मचारियों (सीओडब्ल्यू) के बच्चें

(घ)  प्रवेश के उद्देश्य से सेवानिवृत कर्मचारियों के बच्चे एवं उनके पौत्र/पौत्रियॉ श्रेणी-1 में सम्मिलित किए जाएं।

  1. तत्पश्चात्‌ सिविल/रक्षा क्षेत्र के केंद्रीय विद्यालयों( पैरा-3 (क)) के लिए दी गई प्राथमिकताओं का  उसी अनुक्रम से अनुसरण होगा।
  2. उच्च शिक्षण संस्थानों के जो बच्चे अपने अभिभावकों के दीर्घ अवधि पर विश्रामकाल/अवकाश पर जाने के कारण स्टेशन से दूर जाने पर विद्यालय में अध्ययन जारी नहीं रख सकें उन्हें पुन: प्रवेश कक्षा की निर्धारित क्षमता के ऊपर दिया जाए।

4.   प्रवेश के लिए पात्र आयु:-

जिस शैक्षणिक वर्ष के दौरान कक्षा-1 में प्रवेश मांगा जा रहा है उस वर्ष की 31 मार्च को बच्चे की आयु पांच वर्ष की होनी आवश्यक है (जिस बच्चे की जन्मतिथि 1 अप्रैल हो उस पर भी विचार किया जाए)।

क.  केंद्रीय विद्यालयों में विभिन्न कक्षाओं में प्रवेश के लिए न्यूनतम और अधिकतम आयु इस प्रकार होगी:

 

कक्षा जिस वर्ष के लिए प्रवेश मांगा जा रहा है उसकी 31 मार्च को बच्चे की न्यूनतम आयु जिस वर्ष के लिए प्रवेश मांगा जा रहा है उसकी 31 मार्च को बच्चे की अधिकतम आयु
I 5 वर्ष 7 वर्ष
II 6 वर्ष 8 वर्ष
III 7 वर्ष 9 वर्ष
IV 8 वर्ष 10 वर्ष
V 9 वर्ष 11 वर्ष
VI 10 वर्ष 12 वर्ष
VII 11 वर्ष 13 वर्ष
VIII 12 वर्ष 14 वर्ष
IX 13 वर्ष 15 वर्ष
X 14 वर्ष 16 वर्ष

 

टिप्पणी: (क) विकलांग बच्चों को अधिकतम आयु में दो वर्ष की छूट प्राचार्य द्वारा ही दी जा सकती है ।

 

ख.  कक्षा -11 में प्रवेश के लिए आयु का कोई प्रतिबंध नहीं है बशर्ते कि संबंधित विद्यार्थी कक्षा 10 वीं की परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले वर्ष में प्रवेश मांग रहा हो। इसी तरह कक्षा 12 में प्रवेश हेतु कोई अधिकतम और न्यूनतम आयु सीमा नहीं होगी, बशर्ते विद्यार्थी द्वारा कक्षा 10/11 उत्तीर्ण करने के बाद उसके नियमित अध्ययन में कोई अंतराल न हो।

 

 

5.    कक्षा में विद्यार्थियों की संख्या और सक्षम प्राधिकारी

 

कक्षा में विद्यार्थियों की संख्या

प्राधिकारी

दिनांक

टिप्पणी

40

प्राचार्य

31  जुलाई तक पंजीकृत और पात्र उम्मीदवार

45  तक

अध्यक्ष, विद्यालय प्रबंध समिति

1  अगस्त से 30 सितम्बर तक

बशर्ते कि श्रेणी-1 का केंद्र सरकार का कर्मचारी पंजीकरण प्रक्रिया समाप्त होने के उपरांत कार्यभार ग्रहण करता है तो उनके बच्चों को  पहले आओ पहले पाओ के आधार पर प्रवेश दिया जाएगा। पिछले शैक्षणिक सत्र में स्थानांतरित श्रेणी-1 के  कर्मचारियों के बच्चों के प्रवेश के लिए भी विचार किया जा सकता है बशर्ते कि इस शैक्षणिक सत्र में स्थानांतरित श्रेणी-1 कर्मचारियों के सभी बच्चों को प्रवेश देने के उपरांत जगह खाली हो। . प्रोजेक्ट/उच्च शिक्षण संस्थान में स्थापित केंद्रीय विद्यालयों पर भी यह प्रावधान लागू होगा।

45  तक

आयुक्त, के.वि.सं.

30  नवम्बर तक

केंद्र सरकार/पीएसयू/उच्च शिक्षण संस्थान के कर्मचारी जिन्होनें स्थानांतरण पर 30 सितम्बर के बाद कार्यभार ग्रहण किया है  उनके बच्चों को खाली जगह होने पर

 

(क) अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति श्रेणी:

सभी केंद्रीय विद्यालयों में नए प्रवेशों में अनुसूचित जाति के लिए 15% एवं अनुसूचित जनजाति के लिए 7.5% सीटें आरक्षित होंगी।

(ख) शारीरिक विकलांग श्रेणी :

नए प्रवेश के लिए कुल उपलब्ध सीटों में से 3% सीटें शारीरिक विकलांग बच्चों, नेत्रहीन, और बधिर बच्चों के लिए संस्तर रूप से आरक्षित होंगी।

6. के.वि. टी.सी. एवं स्थानीय स्थानांतरण प्रमाण-पत्र (टीसी) के साथ प्रवेश

  1.   i.      यदि अभिभावक का स्थानांतरण एक स्टेशन से दूसरे स्टेशन पर हो गया है तो के.वि. के स्थानांतरण प्रमाण पत्र पर स्वत: ही(कक्षा में बच्चों की अधिकतम संख्या के ऊपर)  बच्चे को प्रवेश दिया जाएगा।यदि कक्षा में विद्यार्थियों की संख्या 55 तक पहुंच जाती है तो अतिरिक्त सेक्शन खोलने के प्रयास किए जाएं।
  2. रक्षा कर्मिकों और अर्धसैनिक बलों के कर्मचारी, जिनका स्थानांतरण यदि ऐसे स्थान पर होता है जहां परिवार नहीं रखा जा सकता या जो नक्सल प्रभावित क्षेत्र है, अपने बच्चों का प्रवेश केंद्रीय विद्यालय के स्थानांतरण प्रमाण-पत्र के आधार ऐसे केंद्रीय विद्यालय में करा सकेगें जहां वे अपना परिवार रखते हैं।
  3. अभिभावक का स्थानांतरण न होने के अन्य सभी मामलों में केंद्रीय विद्यालय के स्थानांतरण प्रमाण-पत्र के आधार पर प्रवेश केवल क्षेत्रीय कार्यालय के उपायुक्त की पूर्व अनुमति से ही किया जाएगा ।
  4. के.वि. टी.सी. के आधार पर सभी स्थानीय स्थानांतरण मेरिट के आधार पर उपायुक्त के अनुमोदन के अनुसार किए जाएगें।
  5. के.वि. टी.सी. के छात्र को प्रोजेक्ट के.वि. में भी कक्षा में 45 तक विद्यार्थियों संख्या तक अध्यक्ष, विद्यालय प्रबंध समिति की पूर्वानुमति से किया जा सकता है। इस सीमा के ऊपर प्रोजेक्ट विद्यालय में के.वि. टी.सी. पर प्रवेश नहीं दिया जाएगा. हालांकि, संभागीय उपायुक्त को अत्यंत पात्र मामलों में प्रोजेक्ट / निकटतम के.वि. में प्रवेश की अनुमति देने का अधिकार होगा।

 

7. पाली/ शिफ्ट में परिवर्तन

द्वितीय पाली में पहले से प्रवेश पाए विद्यार्थी पहली पाली में और पहली पाली में प्रवेश पाए विद्यार्थी द्वितीय पाली में जाने के लिए 45 की कक्षा/सेक्शन की संख्या से कम होने पर ही सेवा की श्रेणी की प्राथमिकता के क्रम में विद्यालय प्रबंध समिति के अनुमोदन से किए जाएं तथापि कुछ वास्तविक मामलों का निपटान संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय के उपायुक्त के अनुमोदन से प्रत्येक मामले के आधार पर किए जाएं बशर्ते की कक्षा/ सेक्शन में विद्यार्थियों की संख्या 45 से अधिक न हो। विद्यालय प्रबंधन समिति द्वारा स्वीकृति देने से पहले प्रत्येक मामले की मेरिट के आधार पर जांच की जाए और यह भी सुनिश्चित किया जाए कि  प्रत्येक सेक्शन में उपलब्ध नामांकन के अनुसार प्रत्येक कक्षा के लिए निर्धारित छात्र संख्या के मानकों का उल्लंघन ना हो । पाली बदलने के मामले के.वि.सं.(मु) में न भेजे जाएं।

8. केंद्रीय विद्यालयों में कक्षा 11 में प्रवेश के लिए राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी संस्थान प्रमाण-पत्र/राज्य बोर्ड/आईसीएससी स्तर की समतुल्यता :

राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी संस्थान प्रमाण-पत्र/राज्य बोर्ड/आईसीएससी जहां अंक दिए जाते हैं के विद्यार्थियों को 11वीं कक्षा में रिक्तियां रहने पर प्रवेश दिया जाएगा और संबंधित संस्थान द्वारा विभिन्न विषयों में दिए गए अंकों को सीबीएसई द्वारा निर्धारित ग्रेड में परिवर्तित किया जाएगा।

सीबीएसई मानदण्डों के अनुसार अंकों को ग्रेड में निम्न प्रकार से परिवर्तित किया जाएगा:

अंको का ग्रेड में रूपांतरण

अंक ग्रेड अंक ग्रेड
91-100 ए1 51-60 सी1
81-90 ए2 41-50 सी2
71-80 बी1 33-40 डी
61-70 बी2 21-32 ई1
0-20 ई2

9. 10वीं तथा 12वीं कक्षाओं में प्रवेश:

केन्द्रीय विद्यालय के विद्यार्थियों के अलावा कक्षा 10 एवं 12 में  प्रवेश के मामलों पर  रिक्त स्थान होने पर ही विचार किया जाएगा। कक्षा 10 एवं 12 में ऐसे प्रवेश के मामलों पर विचार संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय के उपायुक्त द्वारा ही किए जाएगें बशर्ते कि इन कक्षाओं में औसत संख्या 40 से कम हों।      ऐसे मामलों में प्रवेश के लिए पात्रता की निम्नलिखित शर्तें भी लागू होगी :

i)                    बच्चे ने सीबीएसई से संबद्घ विद्यालय में उसी पाठ्‌यक्रम का अध्ययन किया हो।

ii)      बच्चे ने कक्षा 9 में कम से कम 6.5 सीजीपीए प्राप्त किये हो  (सीजीपीए की गणना सीबीएसई द्वारा कक्षा 10वीं के सीजीपीए गणना के लिए प्रयुक्त सूत्र के द्वारा की जाएगी) । कक्षा 12वीं में प्रवेश के लिए कक्षा 11वीं की परीक्षा में कम से कम 55% अंक प्राप्त किया होना आवश्यक है।

iii)    केंद्रीय विद्यालय संगठन के प्रवेश दिशा-निर्देशों के अनुसार विद्यार्थी पात्र होना चाहिए।

iv)    केंद्रीय विद्यालयों में उन विषयों का संयोजन(Combination) उपलब्ध हो।

10. विदेश में अध्ययनरत विद्यार्थियों को प्रवेश

अभिभावकों की विदेश में प्रतिनियुक्ति पर केंद्रीय विद्यालय में पढ़ रहा उनका बच्चा यदि उनके साथ विदेश चला जाता है, भारत में उनकी वापसी पर संबंधित केंद्रीय विद्यालय के प्राचार्य द्वारा उसे अनुरूप कक्षा में प्रवेश दे दिया जाए।

11. प्रवेश दिशा निर्देशों की व्याख्या से संबंधित किसी भी मामले में आयुक्त, के.वि.सं. का निर्णय अंतिम होगा.

केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए दिशा-निर्देश

 भाग-ख

विशेष प्रावधान

शिक्षा सत्र 2013-14 के लिए प्रवेश हेतु निम्नलिखित विशेष प्रावधान होंगे :

(क) इन प्रवेश दिशा-निर्देशों में दिए गए प्रावधानों में अन्यथा उल्लिखित प्रवेश व्यवस्था को छोड़कर (जैसे मद संख्या XVI) निम्नलिखित श्रेणियों के बच्चों को कक्षा की निर्धारित संख्या से अधिक/ऊपर प्रवेश दिया जाएगा:

(i)      माननीय सांसदों के बच्चे और उनके आश्रित पौत्र/पौत्रियां।

(ii)   केंद्रीय विद्यालय संगठन  में सेवारत और सेवानिवृत कर्मचारियों के बच्चे और पौत्र/पौत्रियां (पुत्र अथवा/और पुत्री के बच्चे)।

के.वि.सं.(केंद्रीय विद्यालय, क्षेत्रीय कार्यालय, जेडआईईटी और के.वि.सं.(मुख्या)) में सेवारत और सेवानिवृत कर्मचारियों के बच्चों और पौत्र/पौत्रियों को कक्षा की निर्धारित संख्या/स्थानांतरण वर्ष/भर्ती पर ध्यान दिए बिना वर्ष में किसी भी समय प्रवेश हेतु विचार किया जाएगा। तथापि कक्षा 9 में प्रवेश हेतु बच्चे को प्रवेश परीक्षा उत्तीर्ण करनी होगी (जो अधिकारी/कर्मचारी के.वि.सं. में प्रतिनियुक्ति पर कार्यभार ग्रहण करते हैं उनके बच्चों को भी के.वि.सं. के नियमित कर्मचारी के बच्चों के समतुल्य माना जाएगा) ।

(iii)      कार्यकाल के दौरान निधन होने वाले केंद्रीय सरकार के कर्मचारियों के बच्चे।

 

(iv)      परमवीर चक्र, महावीर चक्र, वीर चक्र, अशोक चक्र, कीर्ति चक्र, और शौर्य चक्र, सेना मेडल(आर्मी), नौसेना मेडल(नौसेना), वायु सेना मेडल(एयर फोर्स) प्राप्तकर्त्ताओं के बच्चे।

 

(v)      राष्ट्रपति पुलिस शौर्य पदक प्राप्त तथा पुलिस पदक प्राप्तकर्त्ताओं के बच्चे।

 

(vi)      सरकार द्वारा आयोजित एसजीएफआई/सीबीएसई/राष्ट्रीय/राज्य स्तर के खेलकूद में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पाने वाले मेधावी बच्चे।

(vii)      स्काउट और गाइड में राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्तकर्ता।

 

(viii)   इकलौती कन्या संतान का प्रवेश कक्षा 1 में प्रत्येक सेक्शन में अधिकतम दो तथा कक्षा 6 से आगे की कक्षाओं में प्रत्येक कक्षा में दो को प्रवेश दिया जाएगा।इसमें माता-पिता की जुड़वा पुत्रियां भी सम्मिलित हैं।

 

(ix)      राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार अथवा राष्ट्रीय बालभवन द्वारा प्रारंभ किए गए बालश्री पुरस्कार प्राप्तकर्त्ता बच्चे।

 

(x)      राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्तकर्त्ता शिक्षकों के बच्चे।

 

(xi)      ललित कलाओं में राष्ट्रीय अथवा राज्य स्तर पर विशेष प्रतिभा प्रदर्शित करने वाले बच्चे।

 

(xii)      केंद्रीय विद्यालय संगठन(मुख्या) द्वारा जारी आदेशों के अनुरूप प्रतिवर्ष मानव संसाधन विकास मंत्रालय के       कर्मचारियों के 100 बच्चों को प्रवेश दिया जाएगा (31 जुलाई तक) ।

(xiii)      के.वि.सं.( (मु) द्वारा जारी आदेशों के अनुसार विदेश मंत्रालय के कर्मचारियों के 60 बच्चों को प्रतिवर्ष भारत में कहीं भी स्थित केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश दिया जाएगा और  15 बच्चों को केंद्रीय विद्यालय के छात्रावासों में प्रवेश दिया जाएगा। ये प्रवेश निम्नलिखित शर्तों पर दो श्रेणियों के लिए होंगे :-

  1. देशभर के किसी भी केंद्रीय विद्यालय में 60  प्रवेश उन बच्चों के लिए हैं जो अपने अभिभावकों की तैनाती के उपरांत विदेश से लौट रहे हैं। इस प्रावधान के अंतर्गत आम प्रवेश के समय शेष सीटों को ऐसे ही रखा जाएगा और शिक्षा-सत्र के प्रारंभ से लेकर 30  सितंबर की अवधि तक भारत लौटने वाले कर्मचारियों के बच्चों के लिए ये सीटें उपयोग में लाई जाएंगी। 30  सितंबर के पश्चात भारत लौटने वाले अभिभावकों के बच्चों के प्रवेश पर 30  नवम्बर तक प्राथमिकता श्रेणी 1 के बच्चों के साथ विचार किया जाएगा। इस प्राथमिकता के अंर्तगत विदेश मंत्रालय के कर्मचारियों के बच्चों पर विशेष विचार नहीं किया जाएगा। ये सभी प्रवेश इस शर्त पर होंगे कि एक विद्यालय में एक वर्ष में 5 बच्चों से अधिक का प्रवेश न हो और केंद्रीय विद्यालय में प्रवेश से पहले विदेश में जिस विद्यालय में पढ़ रहे थे उस विद्यालय का स्थानांतरण प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना होगा। इस उपबंध के अंतर्गत संबंधित कक्षाओं में विशेष प्रावधानों के अंतर्गत प्रवेश का कोटा एक बार पूर्ण हो जाने पर सभी प्रवेश बंद हो जाएगें।
  2. प्रवेश हेतु 15 सीटें केंद्रीय विद्यालयों के छात्रावासों में केवल उन बच्चों के लिए होंगी जिनके अभिभावक विदेश में ऐसे स्टेशन पर तैनात किए गए हो, जहां शिक्षा की पर्याप्त सुविधाएं नहीं है। इस संबंध में अपेक्षित सूचना विदेश मंत्रालय द्वारा दी जानी आवश्यक है।

(xiv)      अनुसंधान एवं विश्लेषण विंग (रॉ) के कर्मचारियों के 15 बच्चों को प्रवेश के लिए केंद्रीय विद्यालय संगठन (मु.) द्वारा आदेश जारी किए जाएगें। इनमें से अधिकतम 5 सीटें दिल्ली में और शेष दिल्ली से बाहर दी जाएगी।

(xv)      यदि उपबंध (XII) (XIII) और (XIV) के अंतर्गत पात्र बच्चों के प्रवेश के लिए पर्याप्त संख्या में आवेदन प्राप्त न हो तो इन प्रवाधानों के उपयोग को सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा निर्धारित सीमा तक  अतिरिक्त नामांकन किया जा सकता है ।

(xvi)      सभी विद्यालयों में प्रायोजक अभिकरण के बच्चों के लिए, आयुक्त द्वारा विशेष रूप से अधिसूचित विद्यालयों को छोड़कर,  कक्षा एक के प्रत्येक सैक्शन में 5 सीटें और अन्य सभी कक्षाओं में कुल मिला कर 10 सीटें आरक्षित होगी। इस कोटे के अंतर्गत सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के सेवाकाल के दौरान निधन होने वाले कर्मचारियों के बच्चों को भी सम्मिलित किया जा सकता है।राज्य सरकार द्वारा प्रायोजित सिविल क्षेत्र के विद्यालयों में राज्य सरकार के कर्मचारियों के बच्चें इस प्रावधान के अंतर्गत आएगें। इसी प्रकार से रक्षा,परियोजना क्षेत्रों तथा उच्च शिक्षण संस्थानों के केन्द्रीय विद्यालयों में इन क्षेत्रो में कार्यरत कर्मचारियों के बच्चे इस प्रावधान के अंतर्गत आएंगे। कक्षा 1 में प्रवेश सेक्शन की संस्वीकृत छात्र संख्या तक रहेंगें जबकि शेष कक्षाओं में संस्वीकृत छात्र संख्या के अतिरिक्त प्रवेश की अनुमति है।

(xvii)      अध्यक्ष, विद्यालय प्रबंधन समिति, संबंधित विद्यालय में अपने विवेकाधिकार कोटे के अंतर्गत अधिकतम दो बच्चों के प्रवेश के लिए संस्तुति कर सकते है। कक्षा 10वीं  और 12वीं को छोड़कर इन दो प्रवेशों की संस्तुति एक ही कक्षा में अथवा अन्य कक्षाओं में प्रवेश के लिए की जा सकती है।

(xviii)      दिल्ली में जहां केंद्रीय विद्यालयों के लिए भूमि डी.डी.ए. द्वारा प्रदान की गई है उन केंद्रीय विद्यालयों में डी.डी.ए. के नियमित कर्मचारियों के बच्चों के लिए कक्षा 1 में प्रत्येक सेक्शन में 5 सीटें तथा अन्य कक्षाओं में कुल 5 सीटें सीमित होंगी। कक्षा 1 में प्रवेश सेक्शन की अनुमोदित क्षमता के अंदर होगें जबकि अन्य कक्षाओं में यह सेक्शन की कक्षा क्षमता से ऊपर होगें।

(xix)      प्रत्येक माननीय सांसद इस योजना के अंतर्गत एक शिक्षा-सत्र में प्रवेश हेतु छ: मामलों में अनुशंसा कर सकते हैं परंतु यह अनुशंसा उन्हीं अभिभावकों के बच्चों के लिए हो जो उस संसदीय क्षेत्र के निवासी हो या प्रवेश से पहले उस क्षेत्र में तैनात किए गए हों या सेवा की बाध्यताओं के कारण निर्वाचन क्षेत्र में विस्थापित हुए हों। यह संस्तुति माननीय सासंद द्वारा अपने लोक सभा संसदीय क्षेत्र में स्थित केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए होगी । वे इन दाखिले की सिफारिश किसी भी पड़ोसी सन्निहित निर्वाचन क्षेत्र में स्थित केन्द्रीय विद्यालय में भी कर सकते हैं।

राज्य सभा सांसद जिस राज्य से चुने गए हैं वह राज्य उनका संसदीय क्षेत्र माना  जाएगा । राज्य सभा एवं लोक सभा मनोनीत सांसद किसी एक विद्यालय या देश में स्थित अन्य विद्यालयों में छ: मामलों की अनुशंसा कर सकते हैं।इस व्यवस्था के अंतर्गत सिफारिश निम्नलिखित ढ़ंग से विनियमित की जाएगी :

क)     यह प्रवेश कक्षा की निर्धारित संख्या के ऊपर होगें।

ख)    यह अनुशंसा पूर्व प्राथमिक तथा कक्षा 10  और 12 को छोड़कर सभी कक्षाओं के लिए की जा सकती है।

ग)     ये प्रवेश शिक्षा सत्र के प्रारंभ में ही किए जाएंगे  निर्धारित कट ऑफ तारीख अर्थात्‌ 31 जुलाई के बाद कोई प्रवेश नहीं किया जाएगा।

घ)     यह अनुशंसा माननीय सांसदों को के.वि.सं.(मुख्या) द्वारा उपलब्ध कराए गए निर्धारित प्रपत्र में किए जाने पर ही मान्य होगी। अन्य किसी फॉर्म/प्रारूप में संस्तुति किए जाने पर कोई विचार नहीं किया जाएगा।

ङ)      माननीय सांसद द्वारा जिस बच्चे के लिए प्रवेश की संस्तुति की गई है वह के.वि.सं. प्रवेश दिशा-निर्देशों के अनुसार पात्र होना चाहिए।

(xx)      सशस्त्र बलों के प्रत्येक शिक्षा निदेशालय अर्थात सेना, वायुसेना और नौसेना एक शैक्षणिक वर्ष में प्रवेश हेतु 2 मामले भेज सकते हैं। सशस्त्र बलों के शिक्षा निदेशालय अर्थात सेना, वायुसेना और नौसेना ऐसे  रक्षा कार्मिक के दो बच्चों के नाम की सिफारिश कर सकते हैं जो रक्षा क्षेत्र में स्थित केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश हेतु पात्रता रखते हैं। अन्य शर्ते ऊपर (xix  क से ङ) अनुरूप रहेगीं.

ख)  रक्षा बलों के बच्चों को प्रवेश:

केंद्रीय विद्यालय वाले स्टेशन पर सशस्त्र बल के कर्मियों के स्थानांतरण पर आने पर या सेवानिवृत्ति के बाद वहीं बसने की इच्छा रखने वाले अभिभावकों के बच्चों को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड द्वारा संबद्घ रक्षा बलों(थल सेना, वायु सेना, जल सेना) द्वारा चलाए जा रहे शैक्षिक संस्थानों द्वारा जारी स्थानांतरण प्रमाण-पत्र के आधार पर स्वत: ही प्रवेश दे दिया जाए बशर्ते कि तैनाती के स्थान से 10  कि.मी. की परिधि में सैन्य बलों द्वारा चलाया जा रहा कोई विद्यालय उपलब्ध न हो।

यह प्रावधान भारतीय कोस्टगार्ड द्वारा संचालित विद्यालयों के मामलों में भी लागू होंगे। ये प्रावधान इसरो/एईईएस द्वारा चलाए जा रहे विद्यालयों में पढ़ रहे सरकारी कर्मचारियों के बच्चों के लिए भी लागू होगें।

 

यह स्पष्ट किया जाता है कि उपर्युक्त प्रावधान केवल रक्षा कार्मिकों के बच्चों अर्थात पुत्र और पुत्रियों के लिए है। इसमें रक्षा  कार्मिकों के पौत्र/पौत्रियाँ सम्मिलित नहीं होंगे। इसमें आयु और अंकों/ग्रेड के मापदण्डों की पात्रता सहित केंद्रीय विद्यालय संगठन प्रवेश दिशा-निर्देश के प्रावधानों का पूर्णरूपेण अनुपालन किया जाएगा। बच्चे द्वारा केंद्रीय विद्यालय में प्रवेश के माह से विद्यालय विकास निधि सहित सभी शुल्क का भुगतान किया जाएगा चाहे उसके द्वारा अपने पिछले विद्यालय में उत्तरवर्ती महीनों के शुल्क का भुगतान किया जा चुका हो। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड से संबद्घ रक्षा मंत्रालयों/विभागों/प्रधिकरणों द्वारा संचालित केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के ऐसे विद्यालय से जारी प्रमाण-पत्र को प्रवेश लेने वाले केंद्रीय विद्यालय के उपायुक्त द्वारा पृष्ठांकित करवाया जाए।

 

ग) पूर्व प्राथमिक छात्रों को कक्षा-1 में प्रवेश

पूर्व प्राथमिक कक्षाओं से कक्षा 1 में स्वत: प्रवेश के नियम को सत्र 2008-09 से वापस ले लिया गया है। अब कक्षा 1 के सभी प्रवेश नए माने जाएंगे और इन पर प्रवेश दिशा-निर्देशों के अनुसार कार्रवाई होगी।

घ) ऐसे विद्यार्थी, जो पूर्व में केंद्रीय विद्यालय में पढ़ते थे किन्तु (क) अभिभावक स्थानांतरण के कारण या(ख) स्थानांतरित क्षेत्र में केंद्र्रीय विद्यालय की अनुपलब्धता के कारण अन्य विद्यालय में पढ़ने को बाध्य होना पड़ा हो; और यदि संबंधित अभिभावक का अगला स्थानांतरण ऐसे स्थान पर होता है जहाँ केंद्रीय विद्यालय है, ऐसे विद्यार्थियों को कक्षा की निर्धारित संख्या से ऊपर प्रवेश दिया जाएगा। अभिभावक को इस आशय का प्रमाण उपलब्ध कराना होगा।

 

 

 

 

केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए दिशा-निर्देश

 भाग-ग

   प्रवेश प्रक्रिया

  1. प्रचार

केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए पंजीकरण की समय-सारणी(अनुलग्नक) का उल्लेख करते हुए केन्द्रीय विद्यालयों में बच्चों को प्रवेश के लिए पंजीकृत करने के लिए अभिभावको को सूचित किया जाएगा। क्षेत्रीय कार्यालय द्वारा फरवरी महीने के प्रथम सप्ताह में स्थानीय समाचार पत्रों में विज्ञापन जारी किया जाएगा। इस विज्ञापन में यह भी विशेष रुप  से दर्शाया जाना चाहिए कि केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश केंद्रीय सरकार के  कर्मचारियों के लिए ही सीमित नहीं है अपितु सभी के लिए खुला है, केवल कुछ प्राथमिकताएं निर्धारित की गई हैं जिनके अनुसार विभिन्न श्रेणियों के बच्चे प्रवेश में प्राथमिकता प्राप्त करेंगे। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और विकलांग बच्चों के लिए और शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के अंतर्गत आरक्षण भी दर्शाया जाए।

  1. 2.  पंजीकरण

(i)        यदि किसी कक्षा में कोई रिक्त स्थान न हो या स्थान रिक्त होने की संभावना न हो तो उस कक्षा में प्रवेश के लिए पंजीकरण नहीं किया जाएगा। यदि भविष्य में रिक्ति उपलब्ध हो जाती है तो स्थानीय स्तर पर व्यापक प्रचार करके पंजीकरण किया जा सकता है तथा केंद्रीय विद्यालय संगठन के प्रवेश दिशा-निर्देश के अनुसार प्रवेश किया जा सकता है।

(ii)      यदि प्रवेश के लिए इच्छुक बच्चों के पंजीकरण की संख्या कम हो और सभी सीटें भरी न जा सकी हों, तब प्राचार्य रिक्त सीटों की उपलब्धता को दर्शाते हुए दूसरा/तीसरा विज्ञापन मई और जून मास में जारी करेंगे।

(iii)    विद्यालयों में प्रवेश विद्यालय की कार्यकारिणी समिति के अनुमोदन से किए जाने अपेक्षित है।यदि       कार्यकारिणी समिति द्वारा कक्षा की पूर्ण संस्वीकृत संख्या तक प्रवेश अनुमोदित नहीं किए जाते तो प्राचार्य उसकी जानकारी उपायुक्त को देंगे जो शेष सीटों के लिए प्रवेश की अनुमति प्रवेश दिशा-निर्देशों के अनुसार प्रदान करेंगे।

(iv)    कक्षा 11वीं के लिए पंजीकरण 10 वीं कक्षा के परिणाम घोषित होने के तुरंत बाद किए जाएं और सीबीएसई बोर्ड द्वारा परीक्षा परिणामों की घोषणा होने के 30  दिनों के भीतर कक्षा की पूरी संख्या तक प्रवेश पूरे कर लिए जाने चाहिए। विद्यालय की कार्यकारिणी समिति द्वारा अनुमोदन न किए जाने के कारण यदि कक्षा क्षमता तक प्रवेश दिए जाने में कोई कठिनाई आती है तो ऐसी स्थिति में अन्य कक्षाओं के लिए निर्धारित ऊपर दी गई प्रक्रिया का अनुपालन करते हुए उपायुक्त के अनुमोदन से कक्षा की संस्वीकृत संख्या तक प्रवेश 31 जुलाई तक पूरे कर लिए जाएं।

(v)      प्राचार्य द्वारा पंजीकरण फार्म नि:शुल्क में उपलब्ध करवाए जाएंगे।

(vi)    सभी अपेक्षित दस्तावेजों के साथ पूरी तरह से भरा हुआ पंजीकरण फार्म निर्धारित तिथि के भीतर विद्यालय कार्यालय में अवश्य जमा किया जाए।

(vii)  पंजीकरण फार्म के साथ सभी आवश्यक दस्तावेजों की सत्यापित प्रतिलिपियां संलग्न करना आवश्यक है।

 

 

 

 

 

 

  1. 3.  दस्तावेज
  • कक्षा 1 में प्रवेश के लिए आयु के प्रमाण के लिए जन्म पंजीकरण के लिए प्राधिकृत सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी जन्म प्रमाण-पत्र ।इसमें अधिसूचित क्षेत्रीय परिषद्‌/नगर पालिका/नगर निगम के प्रमाण-पत्र, ग्राम पंचायत, सैनिक अस्पताल और रक्षा कर्मियों के सेवा अभिलेखों के जन्मतिथि संबंधी उद्घरणों या एफिडेविट को लिया जाएगा। अन्य कक्षाओं के लिए राज्य शिक्षा विभाग से मान्यता प्राप्त विद्यालय द्वारा निर्गत स्थानांतरण प्रमाण-पत्र में अंकित जन्मतिथि मान्य होगी। जन्मतिथि के मूल प्रमाण-पत्र को सत्यापन के पश्चात अभिभावकों को लौटा दिया जाना चाहिए। कक्षा 8 तक प्रवेश बिना किसी अन्य विद्यालय के स्थानांतरण प्रमाण-पत्र के भी दिए जा सकते हैं बशर्ते बच्चा प्रवेश पाने योग्य हो और शपथ पत्र या उसका जन्म प्रमाण-पत्र सरकारी निकाय द्वारा जारी किया गया हो।
  • माननीय सांसदों अथवा सार्वजनिक-क्षेत्र के उपक्रमों के कर्मचारियों  के पौत्र/पौत्रियों के माता अथवा पिता के माननीय सांसदों अथवा सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के कर्मचारी के साथ संबंध होने के बाबत के प्रमाण की आवश्कता है।
    • केंद्रीय विद्यालय संगठन के कर्मचारियों के पौत्र/पौत्रियों के लिए कर्मचारियों से संबंध होने का प्रमाण होना

आवश्यक है।

  • अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति/आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग/ ओबीसी(नॉन क्रिमीलियर)/ बीपीएल/विकलांग इत्यादि के संबंध में जारी प्रमाण-पत्र संबंधित राज्य सरकार/संघ सरकार के संबंधित प्राधिकारी द्वारा जारी किया होना चाहिए। यदि बच्चे का यह  प्रमाण-पत्र उपलब्ध नही है तो ऐसी स्थिति में प्रवेश के प्रयोजन हेतु माता अथवा पिता के प्रमाण पत्र को आरंभ में स्वीकार कर लिया जाए किन्तु बच्चे से संबंधित प्रमाण-पत्र प्रवेश के 3 माह के अंदर जमा करना होगा।
  • विकलांग बच्चे के संबंध में भारत सरकार के दिनांक 04.05.1999 के कार्यालय ज्ञापन संख्या 36035/5/88/स्थाツ (एससीटी) में परिभाषित सिविल सर्जन/पुनर्वास केंद्र अथवा किसी अन्य सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी प्रमाण-पत्र, जिसमें विकलांगता प्रमाणित की गई हो, उपलब्ध हो। उन मामलों में जहां बच्चे की विकलांगता प्राचार्य द्वारा स्वयं स्पष्ट रूप से देखी जा सकती है उस स्थिति में बिना किसी प्रमाण-पत्र के विकलांगता समझी जाएगी। तथापि अभिभावक को सक्षम अधिकारी से प्रमाण-पत्र प्राप्त करने की सलाह देते हुए इसे बाद में जमा करने के लिए कहा जाए।
  • पूर्वगामी 7 वर्षों के दौरान हुए स्थानांतरणों की संख्या को दर्शाने वाला एक सेवा प्रमाण-पत्र जिसमें कार्यालयाध्यक्ष द्वारा विधिवत हस्ताक्षरित और मोहर सहित तथा उसमें कार्यालयाध्यक्ष का नाम, पदनाम और अन्य सुसंगत ब्यौरे स्पष्ट अक्षरों में लिखे गए हों ।
    • वर्दीधारी रक्षा कार्मिकों के लिए सेनानिवृत्ति प्रमाण-पत्र।
    • निवास प्रमाण

टिप्पणी :-  

(i)          पंजीकरण मात्र से ही प्रवेश का अधिकार प्राप्त नहीं होगा।

(ii)        अपूर्ण रूप से भरे आवेदन फार्म सामान्यत: अस्वीकृत कर दिए जाएंगे। रिक्तियों के शेष रहने के मामलों में, प्राचार्य अपने विवेक पर बाद में भी प्रपत्र को पूरा करने की अनुमति दे सकते हैं।

(iii)       गलत प्रमाण-पत्र के आधार पर प्रवेश को प्राचार्य द्वारा तुरंत रदद्‌ कर दिया जाएगा और प्राचार्य द्वारा की गई ऐसी कार्रवाई के विरूद्घ किसी भी अपील पर विचार नहीं किया जाएगा।

(iv)      जब किसी बच्चे को कक्षा 1 में प्रवेश के लिए एक केंद्रीय विद्यालय में पंजीकृत किया जाता है लेकिन परिणाम की घोषणा से पूर्व ही उसके अभिभावक किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित हो जाते हैं तो बच्चे को ऐसी स्थिति में अपने अभिभावक के तैनाती के स्थान पर स्थित केंद्रीय विद्यालय में प्रवेश के लिए पंजीकृत माना जाना चाहिए चाहे वहाँ प्रवेश की अंतिम तिथि समाप्त भी हो गई हो। पंजीकृत फार्म की मूल प्रति तैनाती के स्थान पर स्थित केंद्रीय विद्यालय को स्थानांतरित कर दी जाए एवं फोटोप्रति उस विद्यालय द्वारा रखी जाए जहां बच्चा पहले पंजीकृत हुआ था।

 

 

 

 

  1. 4.  कक्षा-1 के लिए प्रवेश प्रक्रिया

नए प्रवेश हेतु उपलब्ध कुल सीटों में से 15% सीट अनुसूचित जाति एवं 7.5% सीट अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित होगीं। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित सीटों की संख्या में कमी रहने पर आरटीई कोटे के तहत भर्ती अनुसूचित जाति / अनुसूचित जनजाति के बच्चों की संख्या पर विचार करने के बाद ही गणना की जाएगी।

पहले चरण में कक्षा -1 के प्रत्येक सेक्शन के 10 सीट(40 सीट में से) शिक्षा का अधिकार अधिनियम के प्रावधान के तहत(25%) भरा जाएगा और ये 10 सीट एससी/एसटी/ईडबल्यूएस/बीपीएल/ओबीसी(नॉन क्रीमीलायर)/विकलांग के सभी आवेदनों को एक साथ इकट्ठा करके लॉटरी के माध्यम से किया जाएगा।

(1)     दूसरे चरण में शेष सीटों को मौजूदा प्राथमिकता श्रेणी प्रणाली के आधार पर भरा जाएगा। अनुसूचित जाति / अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित सीटों में कमी को प्रवेश प्राथमिकता श्रेणियों के अनुसार भरा जाएगा।

(2)    उदाहरण के लिए: एक सेक्शन स्कूल में 6 सीटें अनुसूचित जाति और 3 सीटें अनुसूचित जनजाति के लिए (अनुसूचित जाति के लिए 15% और अनुसूचित जनजाति के लिए 7.5%) आरक्षित हैं। मान लिया जाये कि, पहले चरण में आरटीई के तहत लॉटरी प्रणाली द्वारा 2 अनुसूचित जाति के उम्मीदवारों, 1 अनुसूचित जनजाति के उम्मीदवार और 1 विकलांग उम्मीदवार को प्रवेश दिया गया है, तो उपलब्ध एससी सीटें 06-02=4 और एसटी 3-1=2 की सीटों के रूप में विचार किया जाएगा। पंजीकृत अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग में शेष उम्मीदवारों को प्रवेश प्राथमिकता श्रेणियों के क्रम में विचार किया जाएगा। इस प्रकार से  शेष 24 सीटों पर प्रवेश प्राथमिकता श्रेणी के आधार पर किया जाएग।

टिप्पणी-1:

क)     आरटीई के तहत आरक्षित 10 सीटों को किसी भी मामलें में अनारक्षित नहीं किया जाएगा।

ख)    20 जुलाई के बाद अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित सीटों को इंटरचेंज अर्थात एससी को एसटी और एसटी को एससी में इंटरचेंज किया जा सकता है।

ग)     अगर पंजीकरण के पहले स्पैल में आरटीई के तहत आवश्यक उम्मीदवार पंजीकृत नहीं होते हैं तो अप्रैल माह में दूसरी अधिसूचना जारी की जाए।

घ)     सुविधा वंचित समूह/ कमजोर वर्ग/ बीपीएल/ ओबीसी(नॉन क्रीमीलायर) की परिभाषा/पात्रता संबंधित राज्य सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार तय की जाएगी।

ङ)      कक्षा-1 के लिए प्रवेश परीक्षा आयोजित नहीं की जाएगी।

टिप्पणी-2:

(क) सुविधा वंचित समूह की परिभाषा:

  1. 1.  सुविधा वंचित समूह के बच्चे का तात्पर्य उन बच्चों से है जो अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, सामाजिक और शैक्षिक रूप से पिछड़े वर्ग या अन्य समूह जो सामाजिक, सांस्कृतिक, आर्थिक, भौगोलिक, भाषिक, लैंगिंक और अन्य कारकों के आधार पर समुचित सरकार के द्वारा अधिसूचना जारी कर [आर टी ई एक्ट की सेक्शन 2 (घ)] सुविधा वंचित समूह में विनिर्दिष्ट किया गया हो।
  2. 2.  विशेष जरूरतों और अशक्तता से संबंधित बच्चें का अभिप्राय ऐसे बच्चे से है जिसे अशक्तता अधिनियम के अंतर्गत अथवा जिन्हें संबंधित राज्य सरकार द्वारा ऐसा परिभाषित किया गया हो।

(ख)         कमजोर वर्ग की परिभाषा

  • कमजोर वर्ग से संबंध रखने वाले बच्चे का अभिप्राय है जिनके माता-पिता अथवा अभिभावक की वार्षिक आय वहॉं की समुचित सरकार द्वारा अधिसूचित (सेक्शन 2 ई) के द्वारा विनिर्दिष्ट न्यूनतम सीमा से कम है।
  • आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों की आय सीमा का निर्धारण सबंधित राज्य सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार लागू होगा।

 

 

 

(ग)         पड़ोस की परिभाषा और निवास का प्रमाण

यद्यपि केंद्रीय विद्यालय विभिन्न जनसंख्या घनत्व में अवस्थित है, पड़ोस के क्षेत्र की सीमा का निर्धारण के लिए निम्न तरह से वर्गीकृत किया गया है: -

  1. प्रमुख नगर और शहरी क्षेत्र (सभी जिला मुख्यालय एवं महानगरीय क्षेत्र)     5 कि.मी. की परिधि
  2. ऊपर 1 में सम्मिलित स्थान व क्षेत्र के अलावा                              8 कि.मी. की परिधि

टिप्पणी: 1. सभी आवेदकों को अपने निवास का प्रमाण देना होगा तथापि निवास प्रमाण न होने की परिस्थिति में प्रवेश से इंकार नहीं किया जा सकता है।

2. अभिभावकों द्वारा दूरी संबंधी लिखित स्व:घोषणा को इस आशय के लिए स्वीकार कर लिया जाए।

 

5. ड्रॉ की पर्चियां निकालने के लिए समिति का गठन 

प्रत्येक केंद्रीय विद्यालय में कक्षा 1 व अन्य कक्षाओं जहां उपलब्ध सीटों की संख्या के लिए किसी वर्ग विशेष या स्थानांतरणों की संख्या समान हो जाने पर उपलब्ध सीटों की संख्या को समायोजित न किया जा सके ऐसी स्थिति उत्पन्न होने पर ऐसे मामलों को निपटाने के लिए ड्रॉ के पर्यवेक्षण के लिए एक समिति का गठन किया जाए ।

समिति में निम्न 05 सदस्यों को शामिल किया जाएगा :

1 प्राचार्य संयोजक
2 शिक्षक सदस्य (प्राचार्य द्वारा नामांकित)
3 व 4 दो अभिभावक(एक महिला) सदस्य,(एक अभिभावक जिसके बच्चे का प्रवेश आरटीई अधिनियम 2009 के अनुच्छेद 12(1)(ग) के अंतर्गत किया जाना है।)
5 विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्य सदस्य के (वि.प्र.स.के. अध्यक्ष द्वारा नामांकित)

 

  • प्राचार्य द्वारा कक्षा 9 से 12 के विद्यार्थियों में से एक अतिरिक्त छठा सदस्य नामांकित किया जा सकता है जहां ये कक्षाएं उपलब्ध है।
  • अध्यक्ष, विद्यालय प्रबंधन समिति की सहमति से इस समिति के गठन की अधिसूचना ड्रॉ के कम से कम 5 दिन पहले कर  दी जाए और उसे विद्यालय के सूचना पट्‌ट पर प्रदर्शित किया जाए।

6.शुल्क एवं अन्य रियायतें

* आरटीई अधिनियम 2009 के अंतर्गत जिन 25% बच्चों को प्रवेश दिया गया है उनसे कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा।

* विद्यालय द्वारा ऐसे सभी बच्चों को एनसीईआरटी की पाठ्यपुस्तकों का एक सेट उपलब्ध कराया जाएगा और नोट-बुक, स्टेशनरी, यूनिफॉर्म और परिवहन से सम्बंधित अन्य खर्च की प्रर्तिपूर्ति आरटीई अधिनियम 2009 के अंतर्गत 25% बच्चों के प्रवेश के लिए निर्धारित खर्च की उच्चतम सीमा के अंतर्गत मूल बिल पेश करने पर की जाएगी।

* एक बार जब किसी बच्चे का  आरटीई अधिनियम 2009 के अंतर्गत कक्षा-1 में प्रवेश मिल जाता है उसे  कक्षा- 8 तक सभी रियायतें उसी केंद्रीय विद्यालय में मिलती रहेगीं और स्थानांतरण होने पर दूसरे केंद्रीय विद्यालय में भी उन रियायतों का लाभ मिलता रहेगा।

* अभिभावक का निवास प्रमाण पंजीकरण के समय पेश किया जाना चाहिए।

* यदि किसी कर्मचारी को उसके विभाग द्वारा फीस के प्रतिपूर्ति का लाभ मिल रहा है तो वह आरटीई अधिनियम की रियायतों का दावा नहीं कर सकता है।

7. कक्षा ii से viii में प्रवेश की पद्धति

क.     कक्षा (ii) से कक्षा viii : कक्षा I  की भाँति -कक्षा ii से viii में प्रवेश के लिए कोई भी प्रवेश परीक्षा आयोजित नहीं की जाएगी तथा प्रवेश प्राथमिकता श्रेणी प्रणाली(1 से 5 या 6 मामले के अनुसार) के आधार पर दिए जाएं। यदि सीटों की संख्या से अधिक आवेदन हो तो प्रत्येक श्रेणी के कोटे (माता पिता की इकलौती पुत्री संतान सहित) को भी लॉटरी (कक्षा6 और उपर की कक्षाओं) व्यवस्था से भरा जाए।

8. कक्षा IX  में प्रवेश की पद्धति

कक्षा IX  में प्रवेश के लिए प्रवेश परीक्षा आयोजित की जाएगी और प्राथमिकता की प्रत्येक श्रेणी के लिए योग्यताक्रम के अनुसार अलग मेरिट सूची तैयार की जाएगी। सामान्य प्रवेश दिशा निर्देश भाग क, पैरा-3 में उल्लिखित प्राथमिकताओं के अनुरूप श्रेणियों के क्रम के आधार पर योग्यताक्रम के अनुसार प्रवेश दिया जाएगा।

 सामान्य दिशानिर्देश भाग क, पैरा 3 :-

(i)      प्रवेश-परीक्षा हिंदी, अंग्रेजी, गणित, सामाजिक विज्ञान और विज्ञान विषयों में आयोजित की जाएगी।

(ii)      अभ्यर्थी को सभी  विषय में कम से कम 33%  अंक प्राप्त करने होगें। प्राथमिकता श्रेणी के अनुसार योग्यता सूची तैयार की जाएगी।   प्रवेश में भाषा अर्थात्‌ हिंदी और अंग्रेजी में कम अंक होने पर 5अंकों तक छूट दी जा सकती है   ।

  (iii)      अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थी कुल योग का 25%  अंक प्राप्त करने पर प्रवेश के लिए पात्र होंगे।

9. कक्षा XI  में प्रवेश की पद्धति

i. के.वि. छात्रों के लिए: केंद्रीय विद्यालय से कक्षा 10 उत्तीर्ण करने पर केंद्रीय विद्यालयों में कक्षा 11 में विभिन्न स्ट्रीमों अर्थात विज्ञान, कॉमर्स और मानविकी में प्रेवेशों को निम्नलिखित तरीकों से नियमित किया जाएगा:

क) प्रत्येक विद्यालय कक्षा 10 में सीबीसीई में सभी आवेदकों द्वारा प्राप्त सीजीपीए के आधार पर सभी योग्यता सूची तैयार की जाएगी।

ख) प्रत्येक स्ट्रीम में विद्यालय में उपलब्ध रिक्तियों की संख्या (कक्षा में कुल विद्यार्थियों की संख्या-40)और छात्र द्वारा  जिस स्ट्रीम का चयन किया गया है के अनुरूप ऊपर क में तैयार योग्यता सूची के अनुरूप सीट आबंटित की जाएगी।

ग) मेरिट लिस्ट तैयार करते समय जो भी रियायतें लागू हों उनको शामिल किया जाएगा।

घ) अगर दो या दो से ज्यादा  उम्मीदवारों ने एक ही समान सीजीपीए प्राप्त की है तो ऐसे उम्मीदवारों की आपस में योग्यता को निम्नानुसार निर्धारित किया जाएगा:

i) जिस उम्मीदवार ने गणित में ज्यादा ग्रेड पॉईंट प्राप्त किए है उसे प्रवेश में प्राथमिकता मिलेगी।

ii) अगर दो या दो से ज्यादा उम्मीदवारों को गणित में समान ग्रेड पॉईंट हैं तो तब गणित और विज्ञान दोनों को मिलाकर उच्च ग्रेड वाले को प्रवेश में प्राथमिकता मिलेगी।

iii) अगर दो या दो से ज्यादा उम्मीदवारों को गणित और विज्ञान दोनों के ग्रेड पॉईंट में टाई होता है तो जो उम्मीदवार उम्र में बड़ा है उसे प्रवेश में प्राथमिकता मिलेगी।

च) प्राचार्य कक्षा 11 में कक्षा में निर्धारित छात्रों की संख्या तक प्रवेश दे सकते हैं।

छ) विद्यार्थी, जो प्रवेश के लिए पहले किसी विशेष संकाय में पात्र नहीं पाए गए हैं उन्हें उस विशेष संकाय में अगले  शिक्षा-सत्र में प्रवेश के लिए कक्षा 11वीं में नए प्रवेश के रूप में लिया जा सकता है बशर्तें कि उसने एक वर्ष के दौरान अपना निष्पादन उसी बोर्ड से सुधार लिया हो।

ज) अगर विद्यालय सभी छात्रों को और निकटतम केन्द्रीय विद्यालय जो कक्षा 10 तक है उसके छात्रों को समायोजित करने में सक्षम नहीं है, तो संबधित उपायुक्त के अनुमोदन से कक्षा की निर्धारित संख्या में वृद्धि की जा सकती है।


टिप्पणी :

इंफोर्मेटिक प्रेक्टिसेस को एक वैकल्पिक विषय के रूप में सभी स्ट्रीम में  दिया जाता है। अतः इसमें प्रवेश संयुक्त मेरिट सूची के अनुसार प्रदान किया जाएगा।

 

कम्प्यूटर साइंस और बॉयो टेक्नोलॉजी जहां भी ऐच्छिक विषय के रुप में उपलब्ध है विज्ञान स्ट्रीम में विद्यालयों को दी जाए और प्रवेश संयुक्त मेरिट सूची के अनुसार दिए जाएंगे। मल्टीमिडिया और वेब-डिजाइनिंग टेक्नोलॉजी (जहां उपलब्ध हैं) को संयुक्त योग्यता सूची के अनुसार सभी संकायों में( वाणिज्य, मानविकी व विज्ञान) में दिए जा सकते हैं।

ii) गैर केन्द्रीय विद्यालय छात्रों को नए प्रवेश

क)    अपने केंद्रीय विद्यालय और और निकटतम केंद्रीय विद्यालयों के छात्रों को समायोजित करने के उपरांत अगर रिक्तियां शेष रहती हैं तो गैर केन्द्रीय विद्यालय छात्रों को नए प्रवेश दिए जा सकते हैं। शेष रिक्तियों के लिए नए प्रवेश प्राथमिकता श्रेणियों के अनुक्रम में निम्नलिखित मापदंडों के आधार पर किए जाएगें :-

i)                    विज्ञान और कॉमर्स संकाय – न्यूनतम 8.0 सीजीपीए

ii)                  मानविकी संकाय       ‌‌‌– न्यूनतम 6.4 सीजीपीए

ख)   मेरिट लिस्ट तैयार करते समय जो भी रियायतें लागू हों, उनको शामिल किया जाएगा।

 

iii) कक्षा-11 में प्रवेश के लिए निम्नलिखित रियायतें प्रदान की जाएगीं:

क.   विभिन्न स्तरों पर खेलकूद/स्काउटिंग और गाइडिंग/एनसीसी/साहसिक कार्यक्रमों में भाग लेने वाले विद्यार्थियों को भी निम्नलिखित रियायतें उपलब्ध होंगी। इसके लिए प्रमाण-पत्र किसी भी वर्ष का हो सकता है।

क्रमांक खेलकूद एनसीसी स्काउट/गाइड विज्ञान/वाणिज्य संकाय में प्रवेश हेतु साहसिक क्रियाकलाप अंको/ग्रेड प्वाइटों में छूट
एसजीएफआई अथवा समकक्षीय स्तर पर सहभागिता ‘ए’प्रमाण-पत्र और गणतंत्र दिवस/ प्रधानमंत्री रैली में प्रतिभागिता राष्ट्रपति पुरस्कार प्रमाण-पत्र शून्य सीजीपीए में 0.8 अंक
केविसं/राष्ट्रीय/राज्य स्तर पर प्रतिभागिता ‘ए’ प्रमाण-पत्र और जिला/राज्य स्तर पर श्रेष्ठ कैडेट 7 दक्षता बैजों के साथ राज्य पुरस्कार शून्य सीजीपीए 0.6 अंक
केविसं क्षेत्रीय/जिला स्तर पर प्रतिभागिता ‘ए’ प्रमाण-पत्र 5 दक्षता बैजों के साथ तृतीय सोपान प्रमाण-पत्र कम से कम किसी 10  दिवसीय साहसिक क्रियाकलाप में प्रतिभागिता सीजीपीए 0.2 अंक

 

खेलकूद/स्काउट/गाइड/एनसीसी/साहसिक कार्यक्रमों के अंर्तगत अधिकतम छूट 0.8 सीजीपीए से अधिक नहीं होगी। उपर्युक्त () और () के अंतर्गत विभिन्न वर्गों में एक से अधिक छूट की योग्यता की स्थिति में उम्मीदवार को अधिकतम लाभ की एक छूट दी जाएगी( यह लाभ गैर के.वि. विद्यार्थियों को भी नए प्रवेश के समय प्रदान किया जाए)

ख.    अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति से संबंधित विद्यार्थियों को 11वीं में विज्ञान/वाणिज्य/मानविकी संकाय में प्रवेश के लिए 0.4 तक सीजीपीए में ग्रेड उच्च/अपग्रेड दिया जाएगा।

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

अनुलग्नक – भाग

प्रवेश कार्यक्रम और प्रक्रिया

आवेदन फार्म जारी करने एवं बच्चों के पंजीकरण हेतु अलग-अलग तिथियॉं नहीं होंगी। ये दोनों कार्य साथ-साथ किए जाएंगे।वर्ष 2013-14 के लिए प्रवेश समय-सारणी निम्नवत होंगी:

विषय सूची

निर्धारित तारीखें

प्रवेश का प्रथम चरण

क्षेत्रीय कार्यालय द्वारा प्रवेश के लिए विज्ञापन फरवरी 2013 का पहला सप्ताह ( 5 फरवरी से पहले)
कक्षा 1 एवं अन्य कक्षाओं के लिए आवदेन फार्म जारी करना और पंजीकरण (11वीं कक्षा को छोड़कर)* 08  फरवरी 2013 से प्रारंभ
कक्षा 1 तथा अन्य कक्षाओं के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि 10-03-2013
कक्षा 1 के लिए सूची की घोषणा एवं प्रवेश 18.03.2013 से 25.03.2013  तक
आरटीई के प्रावधान के तहत प्रवेश के लिए द्वितीय अधिसूचना की विस्तारित तारीख 05-04-2013( अगर आरटीई के प्रावधान के तहत प्रर्याप्त आवेदन प्राप्त नहीं हुए हो)
कक्षा 2 और ऊपर की कक्षाओं के लिए सूची की घोषणा 16.04.2013
कक्षा 2 और ऊपर की कक्षाओं के लिए प्रवेश 17.04.2013  से 24.04.2013  तक
कक्षा 11 के लिए पंजीकरण * बोर्ड परीक्षा परिणामों की घोषणा के 20 दिनों के भीतर
कक्षा 11 के लिए सूची का प्रदर्शन एवं प्रवेश बोर्ड परीक्षा परिणामों की घोषणा के 30 दिनों के भीतर
प्रवेश की अंतिम तिथि 31.07.2013
30 सितंबर के पश्चात 30 नवंबर तक स्थानांतरित होकर आए केंद्रीय सरकार/केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के कर्मचारियों के बच्चों को प्रवेश की अनुमति स्थान उपलब्ध रहने पर, आयुक्त, केविसं द्वारा प्रदान करना। 30.11.2013  तक

 

 

 

प्रवेश का द्वितीय चरण *(यदि सीटें रिक्त हों)

कक्षा 2 और उससे ऊपर की रिक्तियों  के लिए क्षेत्रीय कार्यालय एवं विद्यालय स्तर पर अधिसूचना25.06.2013पंजीकरण25.06.2013  से 30.06.2013  तकप्रवेश-सूची का प्रदर्शन07.07.2013प्रवेश09.07.2013  से 16.07.2013

 

* किसी कक्षा में रिक्त स्थान उपलब्ध होने पर।

 

 

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